जिस पंडित ने करवाए शादी के सात फेरे, उसी के साथ फरार हुई दुल्हन

शादी के बाद दुल्हन पहली बार मायके आई थी और फिर उसी पंडित के साथ फरार हो गई, जिसने उसकी शादी में मंत्र पढ़े थे.

मध्य प्रदेश के विदिशा जिले से एक चौंकाने वाली खबर सामने आई है. 23 मई को जब सबकी निगाहें लोकसभा चुनाव के परिणाम पर टिकी हुई थीं. तभी, जिले के सिरोंज शहर के टोरी बागरोद में एक दुल्‍हन उसी पंडित के साथ फरार हो गई, जिसने विवाह मंडप में फेरे लगवाए थे. शादी के बाद दुल्हन पहली बार मायके आई थी और फिर उसी पंडित के साथ फरार हो गई. रिपोर्ट के मुताबिक, सिरोंज के टोरी बागरोद में रहने वाली 21 साल की युवती गांव में रहने वाले पंडित के साथ ही फरार हो गई है. दुल्हन की शादी 7 मई को हुई थी.

जानकारी के मुताबिक युवती की शादी बासौदा के आसठ गांव में रहने वाले युवक से हुई थी. बारात आऩे पर उसी गांव के पंडित विनोद महाराज ने दोनों की शादी में मंत्र पढ़ा और फेरे करवाए थे. पंडित विनोद गांव के ही मंदिर में पूजा-पाठ करता है. शादी के बाद लड़की की विदाई हो गई और तीन दिन बाद वह मायके लौटी थी.

पंडित को 23 मई को भी करनी थी शादी

इस दौरान 23 मई को भी गांव में एक शादी समारोह था. लोग शादी समारोह में व्‍यस्‍त थे. खास बात यह है कि उसी पंडित को इस शादी में भी फेरे की रस्म करवाऩी थी. लेकिन, शादी की रस्‍मों के शुरू होने से पहले वह वहां से गायब हो गया. जब वह घर में नहीं मिला तो लोगों ने तलाश शुरू की. इसी बीच किसी ने बताया कि वह युवती भी घर से गायब है.

पहले से है शादीशुदा

काफी खोजबीन के बाद भी जब शुक्रवार 24 मई तक दोनों का कुछ पता नहीं चला, तो युवती के परिजन और गांव के सरपंच राजेश साहू थाने पहुंचे. पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू की. इस बीच पता चला कि फरार हुआ विनोद पहले से शादीशुदा है. परिवार में उसकी पत्‍नी के अलावा दो बच्‍चे भी हैं. घटना वाले दिन से पूरा परिवार ही गायब है. गांव वालों का कहना है कि विनोद और नवविवाहित युवती के बीच करीब 2 साल से प्रेम-प्रसंग चल रहा था.

गुमशुदगी का मामला दर्ज

गायब नई नवेली दुल्हन के परिजनों ने शिकायत में विनोद की पत्नी को भी आरोपी बनाया है. आरोप है कि दुल्हन अपने साथ ससुराल से मिली करीब डेढ़ लाख रुपये की ज्वेलरी और 30 हजार रुपये भी लेकर फरार हुई है. सिरोंज थाना प्रभारी शकुंतला बामनिया ने बताया कि युवती बालिग है, इसलिए गुमशुदगी का मामला दर्ज किया गया है.

Satyanarayan Chouksey

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